सृष्टि कुमावत ने राजस्थानी गीत ‘थिरक-थिरक’ में बिखेरा हुनर, कुमावत समाज ने दी बधाइयां

राजस्थानी लिवाज में मनमोहक प्रस्तुति देकर बनाई पहचान, समाजजनों ने उज्ज्वल भविष्य का दिया आशीर्वाद

चित्तौड़गढ़, स्मार्ट हलचल। राजस्थानी फिल्म इंडस्ट्री में स्थानीय प्रतिभाओं की पहचान लगातार बढ़ रही है। चित्तौड़गढ़ निवासी सृष्टि कुमावत ने राजस्थानी फिल्म इंडस्ट्रीज राणा जी म्यूजिकल के राजस्थानी गीत ‘थिरक-थिरक’ में मनमोहक प्रस्तुति देकर अपनी प्रतिभा का परिचय दिया। गीत में सृष्टि ने राजस्थानी लिवाज में प्रस्तुति दी, जिसे दर्शकों ने सराहा।सृष्टि कुमावत, निर्मला देवी एवं स्व. बालचंद कुमावत की सुपुत्री हैं। उनके इस गीत के रिलीज होने के बाद चित्तौड़गढ़ सहित जयपुर, उदयपुर, राजसमंद, भीलवाड़ा, कोटा, निम्बाहेड़ा, मंदसौर और नीमच सहित विभिन्न स्थानों से कुमावत समाज के लोगों ने खुशी जताई।

समाज ने जताया गर्व
समाजजनों ने सृष्टि कुमावत को बधाई देते हुए मनोरंजन जगत में निरंतर आगे बढ़ने का आशीर्वाद दिया।

समाज के बुजुर्गों, भाई-बहनों, रिश्तेदारों, सोशल मीडिया ग्रुपों, विभिन्न संगठनों एवं जनप्रतिनिधियों ने सृष्टि को बधाई और शुभकामनाएं देते हुए उज्ज्वल भविष्य का आशीर्वाद दिया। समाजजनों ने कहा कि सृष्टि ने अपनी प्रतिभा के माध्यम से समाज का गौरव बढ़ाया है और उन्हें उम्मीद है कि वह आने वाले समय में मनोरंजन जगत में और आगे बढ़ेंगी।

सृष्टि की इस उपलब्धि को लेकर कुमावत समाज में उत्साह का माहौल है। समाजजनों ने उन्हें निरंतर सफलता की ओर बढ़ने के लिए शुभकामनाएं दीं।