आपातकालीन हालातों में तैयारियों को जांचने के लिये हुआ मॉक ड्रिल
(हरिप्रसाद शर्मा)
पुष्कर / अजमेर /स्मार्ट हलचल|धार्मिक नगरी पुष्कर स्थित सावित्री माता रोपये पर दो लोगों फंसने की सूचना मिलने से बुधवार को हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही प्रशासन, एनडीआरएफ, मेडिकल टीम, फायर ब्रिगेड और रोपवे प्रबंधन की टीम मौके पर पहुंध गई। करीव एक पटे तक चले संयुक्त रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद दोनों व्यक्तियों को सुरक्षित नीचे उतार लिया गया।
बाद में प्रशासन ने किया कि यह पूरा घटनाक्रम जिला कलेक्टर के निर्देशानुसार
आयोजित मॉक ड्रिल का हिस्सा था। इसका उद्देश्य रोपवे में किसी भी आपात स्थिति के दौरान राहत एवं बचाव कार्यों की तैयारियों का परीक्षण करना उपखंड अधिकारी गुरुप्रसाद बर ने बताया कि मॉक ड्रिल के दौरान रोपवे में दो लोगों के फंसने की काल्पनिक सूचना पर विभिन्न विभागों ने संयुक्त रूप से सर्च एवं रेस्क्यू अभियान चलाया। अभियान में एनडीआरएफ, रोपवे टीम पुष्कर मेडिकल टीम, 108 एंबुलेंस सेथा और फायर ब्रिगेड की टीमों ने भाग लिया। एनडीआरएफ के सहायक कमांडर प्रवीण कुमार ने बताया कि मॉक ड्रिल का उद्देश्य यह अभ्यास करना था कि यदि रोपवे बीच रास्ते में रुक जाए या कोई व्यक्ति फंस जाए तो किस प्रकार सुरक्षित तरीके से लोगों को नीचे उतारा जाए। उन्होंन कहा कि इस तरह की मॉक ड्रिल समय-समय पर आयोजित की जाती है ताकि आपदा की स्थिति में और प्रभावी कार्रवाई सुचिक्षित की जा सके। मॉक ड्रिल के दौरान मेडिकल कमांडेंट सुधीर कुमार पोखरमपाल, अजय सिंह सहित विभित्र विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे। पूरे अभियान के दौरान सुरक्षा और बचाव की व्यवस्थाओं का व्यवहारिक प्रदर्शन किया गया ।
