श्रमिक की मौत के बाद हंगामा —परिजनों ने फैक्ट्री में शव रख किया प्रदर्शन, मुआवजे पर बनी सहमति

पुनीत चपलोत

भीलवाड़ा // स्मार्ट हलचल|प्रतापनगर थाना क्षेत्र स्थित रीको फेज-4 में अमृत स्पिनर्स प्राइवेट लिमिटेड में कार्यरत एक श्रमिक की अचानक तबीयत बिगड़ने से मौत हो गई। मृतक की पहचान घनश्याम वैष्णव के रूप में हुई है।
जानकारी के अनुसार शुक्रवार सुबह घनश्याम को पेट दर्द की शिकायत हुई। इसके बाद वह घर जाने के लिए फैक्ट्री से निकले, लेकिन रास्ते में ही उनकी तबीयत ज्यादा बिगड़ गई और मौके पर ही उनकी मौत हो गई।
घटना के बाद परिजन और परिचित आक्रोशित हो उठे। उन्होंने शव को फैक्ट्री परिसर में रखकर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। प्रदर्शनकारियों ने फैक्ट्री के बाहर टायर जलाकर प्रबंधन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और मृतक के परिवार के भरण-पोषण के लिए उचित मुआवजे की मांग उठाई।
सूचना मिलते ही प्रतापनगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को संभालने का प्रयास किया। काफी देर तक चली समझाइश और वार्ता के बाद प्रदर्शनकारी मुआवजे की राशि पर सहमत हुए, जिसके बाद शव का पोस्टमार्टम कराया जा सका।

श्रमिक नेता बबलू ठूमियां ने कहा कि आज रिको में फैक्ट्री के अंदर एक श्रमिक की तबीयत खराब होने के बाद बाहर निकलने पर उसकी मौत हो गई। सुबह से बॉडी फैक्ट्री में ही रखी हुई है और मालिक को लगातार फोन कर रहे हैं लेकिन किसी ने उनकी सुनवाई नहीं कि उसके बाद लोग मेरे पास आए मैने मलिक को फोन कर इस घटनाक्रम के बारे में बताया लेकिन वह बात करने को तैयार नहीं है और बस एक ही बात बोल रहा है कि अभी मैं बिजी हूं। इतने दुर्भाग्य की बात है कि आज मजदूर दिवस है लेकिन एक मजदूर की बॉडी यहां पड़ी है और कोई सुनवाई करने वाला नहीं है। इस फैक्ट्री में मजदूर का पीएफ और ईएसआई नहीं कटता हे। अगर यह कटता तो उसे सरकारी लाभ मिल जाता। हम चाहते हैं कि इस मजदूर को न्याय मिले।