शैक्षिक महासंघ ने सौंपा ज्ञापन विभिन्न मांगों को लेकर शिक्षकों में आक्रोश

चित्तौड़गढ़, स्मार्ट हलचल। अखिल भारतीय राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ राजस्थान खण्ड चित्तौड़गढ़ द्वारा शिक्षकों की विभिन्न मांगों को लेकर मुख्यमंत्री एवं शिक्षामंत्री के नाम उपखण्ड अधिकारी को ज्ञापन सौंपा गया।

खण्ड अध्यक्ष कालूलाल रायका ने बताया कि महासंघ की प्रदेश कार्यकारिणी के निर्णयानुसार प्रत्येक खण्ड स्तर पर शिक्षकों की समस्याओं एवं मांगों को लेकर ज्ञापन दिए जा रहे हैं। इसी क्रम में चित्तौड़गढ़ खण्ड में भी ज्ञापन सौंपा गया। चिलचिलाती धूप और तेज गर्मी के बावजूद बड़ी संख्या में शिक्षक एवं शिक्षिकाएं उपस्थित रहे।

जिला सभाध्यक्ष तेजपाल सिंह शक्तावत ने कहा कि महासंघ हमेशा शिक्षक हितों के लिए संघर्षरत रहा है तथा समय-समय पर शिक्षकों की समस्याओं को सरकार तक पहुंचाकर समाधान करवाया है। उन्होंने कहा कि संगठन आगे भी शिक्षक हितों के लिए निरंतर कार्य करता रहेगा।

अतिरिक्त जिला मंत्री राजेंद्र कुमार गगरानी ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि सरकार ने शिक्षकों की मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया तो आगामी चरण में जिला एवं प्रदेश स्तर पर धरना-प्रदर्शन किया जाएगा।

खण्ड सभाध्यक्ष जोगेंद्र सिंह राणावत ने ज्ञापन पत्र का वाचन करते हुए बताया कि मांगपत्र में ग्रीष्मावकाश में कटौती नहीं करने, तृतीय श्रेणी सहित सभी संवर्गों के स्थानांतरण एवं पदोन्नति करने, स्टाफिंग पैटर्न लागू करने, आरजीएचएस में सुधार कर पुनः बहाल करने, पंचायत शिक्षकों सहित संविदा कर्मियों को नियमित करने, वेतन विसंगतियां दूर करने तथा शिक्षकों को गैर शैक्षणिक कार्यों से मुक्त करने जैसी प्रमुख मांगें शामिल हैं।

इसके अलावा शारीरिक शिक्षक भर्ती 2022 के कार्मिकों का स्थायीकरण एवं वेतन नियमितीकरण, एमजीजीएस की दूसरी सूची जारी करने, टीएसपी से नॉन टीएसपी में आए शिक्षकों को गृह जिले में भेजने तथा सीएसजी राशि सत्र प्रारंभ में जारी करने की मांग भी उठाई गई।

ज्ञापन सौंपने के दौरान शिक्षक-शिक्षिकाओं ने हाथों में तख्तियां लेकर नारेबाजी की। अंत में खण्ड मंत्री देवकीनंदन वैष्णव ने उपस्थित सभी साथियों का आभार व्यक्त किया।