कोटा गांडिव मैराथन-1.0 में दौड़ा कोटा, 1500 से अधिक धावकों ने भरी रफ्तार

5 साल के बच्चे से 75 वर्ष के बुजुर्ग तक दिखा जज्बा, सेना के मेजर से रिटायर्ड ब्रिगेडियर तक ने नागरिकों के साथ लगाई दौड़; फिटनेस, अनुशासन और सैन्य-नागरिक एकजुटता का दिया संदेश

कोटा।स्मार्ट हलचल|किसी के कदमों में बचपन की चंचलता थी, किसी की चाल में युवाओं का जोश और किसी के चेहरे पर उम्र को पीछे छोड़ देने का आत्मविश्वास। रविवार को कोटा का उम्मेद सिंह स्टेडियम उस समय उत्साह, अनुशासन और देशभक्ति की ऊर्जा से भर उठा, जब गांडिव डिवीजन के स्वर्ण जयंती समारोह के तहत कोटा गांडिव हाफ मैराथन-1.0 का आयोजन हुआ। कोटा मिलिट्री स्टेशन की ओर से आयोजित इस मैराथन में सैन्यकर्मियों, पूर्व सैनिकों, युवाओं तथा स्थानीय रनिंग समुदाय सहित 1500 से अधिक धावकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
खास बात यह रही कि दौड़ में पांच वर्ष के नन्हे धावकों से लेकर 75 वर्ष के बुजुर्गों तक ने भाग लेकर सेना के उत्साह को दुगना किया।

सेना के अनुशासन की झलक,
मैराथन का मूल संदेश फिटनेस, स्वस्थ जीवनशैली, अनुशासन, धैर्य और टीम भावना से जुड़ा रहा। प्रतिभागियों के लिए मेडिकल टीम तैनात रही। किसी आपात स्थिति में तत्काल चिकित्सा सहायता की व्यवस्था की गई। दौड़ पूरी करने के बाद पैरों में मोच, सूजन या अकड़न जैसी समस्या वाले धावकों के लिए फिजियोथेरेपी की सुविधा भी उपलब्ध रही।

21 किमी से 3 किमी फन रन तक उत्साह
अंतराष्ट्रीय धावक शाक्ति सिंह ने कहा कि मैराथन में 21 किलोमीटर हाफ मैराथन, 10 किलोमीटर दौड़ और 3 किलोमीटर फन रन आयोजित की गई। 21 और 10 किलोमीटर की दौड़ पुरुष एवं महिला वर्गों के लिए थी, जबकि 3 किलोमीटर फन रन में विभिन्न आयु वर्ग के प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया।
मैराथन का रूट महाराव उम्मेद सिंह स्टेडियम से अर्जुन गेट, हल्दीघाटी गेट, माला फाटक और आर्मी स्कूल होते हुए वापस उम्मेद सिंह स्टेडियम तक रहा।

21 किमी में परवीन पाटील और दीपा यादव अव्वल
21 किलोमीटर पुरुष वर्ग में परवीन पाटील प्रथम, अभिषेक द्वितीय और रोहित तृतीय रहे। महिला वर्ग में दीपा यादव ने पहला, अश्विन ने दूसरा और शीतल ने तीसरा स्थान हासिल किया,वहीं 10 किलोमीटर पुरुष वर्ग में लॉरेंस प्रथम, विनोद पाटील द्वितीय और ओमकार माने तृतीय रहे। वहीं महिला वर्ग में राशी प्रथम, अंजली द्वितीय और अरुणा तृतीय स्थान पर रहीं।

प्रतिभागियो दी प्रतिक्रियाएं
धावक दिव्या जैन ने आयोजन को स्वास्थ्य और देशभक्ति को एक साथ जोड़ने वाला अनुभव बताया। उनके लिए सैन्य कैंट क्षेत्र में दौड़ना सामान्य दौड़ से अलग और यादगार अनुभव रहा। उन्होंने कहा कि गांडिव डिवीजन के स्वर्ण जयंती समारोह के अवसर पर कोटा में स्वास्थ्य के साथ देशभक्ति का संदेश दिया गया।
महिला वर्ग की विजेता दीपा यादव ने ऐसे आयोजनों में महिलाओं की अधिक भागीदारी की जरूरत बताई। उनका कहना था कि जब महिलाओं के लिए इस तरह के अवसर लगातार मिलेंगे तो वे फिटनेस और खेल के क्षेत्र में और आगे आएंगी।
धावक अश्विनी ने आयोजन की व्यवस्थाओं की सराहना करते हुए कहा कि दौड़ बेहद सुनियोजित तरीके से कराई गई। प्रतिभागियों को समय पर बैच और बिब मिले तथा रूट भी स्पष्ट रूप से चिन्हित था। पिंकी कपूर ने भी आयोजन में उपलब्ध व्यवस्थाओं को सराहा।