खेरली तरफ रेला में फर्जी मतदान के आरोप, सैकड़ों ग्रामीणों ने कठूमर में लगाया जाम

दिनेश लेखी

री-पोलिंग और पुलिसकर्मी पर कार्रवाई की मांग, धक्का-मुक्की में घायल सरपंच प्रत्याशी की मां अलवर रेफर; सांसद संजना जाटव की समझाइश पर धरना समाप्त

कठूमर।स्मार्ट हलचल|कठूमर पंचायत समिति क्षेत्र की ग्राम पंचायत खेरली तरफ रेला के बूथ नंबर 74 पर फर्जी मतदान के आरोपों को लेकर शनिवार शाम विवाद गहरा गया। नंगला सीताराम और नंगला केसरिया गांवों के सैकड़ों महिला-पुरुष उपखंड मुख्यालय पहुंच गए। ग्रामीणों ने री-पोलिंग कराने और कथित रूप से धक्का-मुक्की करने वाले पुलिसकर्मी के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया। इस दौरान नगर-खेड़ली सड़क मार्ग पर जाम लगा दिया, जिससे दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और यातायात बाधित रहा।
प्रदर्शन के दौरान हुई धक्का-मुक्की में नंगला सीताराम निवासी सरपंच प्रत्याशी महेश की मां सुभाष देवी पत्नी घमंडीराम के सिर में चोट लग गई। उन्हें कठूमर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां से चिकित्सकों ने हालत को देखते हुए अलवर रेफर कर दिया। घटना के बाद ग्रामीणों में आक्रोश बढ़ गया और वे अपनी मांगों पर अड़े रहे।
*फर्जी मतदान का आरोप लगाकर किया मतदान बहिष्कार*
ग्रामीणों का आरोप है कि खेरली तरफ रेला स्थित बूथ नंबर 74 पर मतदान के दौरान फर्जी वोटिंग हुई। उन्होंने मतदान दल पर शिकायतों के दौरान सहयोग नहीं करने का भी आरोप लगाया। इसको लेकर नंगला सीताराम के सरपंच प्रत्याशी महेश तथा नंगला केसरिया के प्रत्याशी बने सिंह और लेखराज ने विरोध जताया। शाम को तीनों प्रत्याशियों और उनके समर्थकों ने मतदान का बहिष्कार कर दिया तथा उपखंड अधिकारी कार्यालय के बाहर धरने पर बैठ गए।
ग्रामीणों ने बूथ पर दोबारा मतदान कराने और कथित रूप से धक्का देने वाले पुलिसकर्मी के खिलाफ कार्रवाई की मांग उठाई। उनका कहना था कि मतदान के दौरान हुई घटनाओं की निष्पक्ष जांच कराई जाए और शिकायतों पर उचित कार्रवाई की जाए।
*सांसद संजना जाटव ने मौके पर पहुंचकर अधिकारियों से की बात*
धरना-प्रदर्शन की जानकारी मिलने पर सांसद संजना जाटव मौके पर पहुंचीं। उन्होंने धरना स्थल पर मौजूद ग्रामीणों से बातचीत कर उनकी समस्याएं सुनीं। ग्रामीण री-पोलिंग कराने की मांग पर अड़े हुए थे। इस पर सांसद ने जिला कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी से फोन पर बात कर बूथ पर मतदान के दौरान हुई कथित गड़बड़ी और ग्रामीणों की शिकायतों से अवगत कराया।
सांसद ने ग्रामीणों को आश्वस्त किया कि मतदान में गड़बड़ी के आरोपों की जांच कराकर नियमानुसार कार्रवाई कराने के लिए अधिकारियों के समक्ष मामला उठाया जाएगा। उन्होंने ग्रामीणों को अपनी शिकायतों के समाधान के लिए कानूनी प्रक्रिया अपनाने और आवश्यकता पड़ने पर उच्च न्यायालय में रिट याचिका दायर करने के विकल्प के बारे में भी समझाया। सांसद की समझाइश और अधिकारियों से बातचीत के बाद ग्रामीणों ने धरना समाप्त कर दिया।
*पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी पहुंचे मौके पर*
जाम और प्रदर्शन की सूचना मिलने पर कठूमर के चुनाव अधिकारी निखिल कुमार पौदादार, डीएसपी जोगेंद्र राजावत, थाना प्रभारी चंद्रशेखर शर्मा और तहसीलदार हरिकेश मिलोठ सहित पुलिस बल मौके पर पहुंचा। अधिकारियों ने ग्रामीणों से बातचीत कर स्थिति सामान्य करने का प्रयास किया। घायल सुभाष देवी को अस्पताल ले जाने की बात पर भी अधिकारियों ने परिजनों से चर्चा की। बाद में उन्हें कठूमर सीएचसी ले जाया गया, जहां से चिकित्सकों ने अलवर रेफर कर दिया।
*जाम से दोनों ओर लगी वाहनों की कतारें**
प्रदर्शन के दौरान ग्रामीणों ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए नगर-खेड़ली सड़क मार्ग पर जाम लगा दिया। इससे सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और वाहन चालकों को आवागमन के लिए वैकल्पिक रास्तों का सहारा लेना पड़ा। ग्रामीण री-पोलिंग और संबंधित पुलिसकर्मी के खिलाफ कार्रवाई की मांग पर अड़े रहे। सांसद संजना जाटव की समझाइश और जिला निर्वाचन अधिकारी से बातचीत के बाद धरना समाप्त होने से प्रशासन ने राहत की सांस ली। हालांकि, बूथ पर फर्जी मतदान के आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।