पुनित चपलोत
भीलवाड़ा। महात्मा गांधी चिकित्सालय में कथित चिकित्सकीय लापरवाही के चलते प्रसूताओं की मौत के मामलों को लेकर मंगलवार को सर्व समाज के बैनर तले जिला कलेक्टर कार्यालय पर विरोध प्रदर्शन किया गया। प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री के नाम जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर पूरे मामले की उच्च स्तरीय, निष्पक्ष एवं समयबद्ध जांच कराने, दोषी चिकित्सकों, नर्सिंग स्टाफ एवं जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग की।
ज्ञापन के दौरान मृतक महिलाओं फोरी देवी, ईशा पांडे, दिव्या सेन, संगीता जीनगर और शिमला देवी गुर्जर के परिजन भी बड़ी संख्या में मौजूद रहे। परिजनों ने प्रशासन के समक्ष अपनी पीड़ा व्यक्त करते हुए दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई, उचित मुआवजा तथा प्रत्येक पीड़ित परिवार के एक आश्रित को सरकारी नौकरी देने की मांग रखी।
सर्व समाज के प्रतिनिधियों ने कहा कि सरकारी अस्पताल आमजन के विश्वास का केंद्र होते हैं, लेकिन यदि चिकित्सकीय लापरवाही के कारण लगातार माताओं की मौत हो रही है तो यह पूरे स्वास्थ्य तंत्र की गंभीर विफलता है। उन्होंने अस्पताल के सीसीटीवी फुटेज, ड्यूटी रोस्टर, केस शीट, ऑपरेशन रिकॉर्ड सहित सभी चिकित्सा अभिलेख सुरक्षित रखने, जांच रिपोर्ट सार्वजनिक करने तथा अस्पताल की कार्यप्रणाली में व्यापक सुधार और जवाबदेही सुनिश्चित करने की मांग की।
प्रतिनिधियों ने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र निष्पक्ष जांच कर दोषियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई नहीं की गई और पीड़ित परिवारों को न्याय नहीं मिला, तो सर्व समाज पूरे जिले में चरणबद्ध लोकतांत्रिक आंदोलन करेगा, जिसकी सम्पूर्ण जिम्मेदारी प्रशासन एवं स्वास्थ्य विभाग की होगी।
