बन्शीलाल धाकड़
चित्तौड़गढ़, स्मार्ट हलचल।महान क्रांतिकारी ठाकुर केसरी सिंह बारहठ परिवार का देश की आजादी में अतुलनीय योगदान देश कभी भुला नहीं पाएगा । क्रांति वीर जोरावर सिंह बारहठ ने होर्डिंग पर 23 दिस.1912 को बम फेक कर आजन्म अग्रेजों की गिरफ्त में नहीं आए ,जो चंद्रशेखर आजाद के पथ गामी बने उन्हीं के सम्मान में *पराक्रम सम्मान*राजऋषि ठाकुर उमेद सिंह धौली को वर्ष 2026 का यह सम्मान खंभालिया, राजकोट गुजरात में आयोजित शहीद प्रताप सिंह बारहठ की 133 वी जयंती पर,राष्ट्रीय स्तर का भव्य आयोजन शहीद वंदना समारोह में प्रदान किया जाएगा। सम्मान में 11000 रु अभिनंदन पत्र,स्मृति चिन्ह, शॉल, पाग ,अमर शहीद कु. प्रताप सिंह बारहठ सेवा संस्थान शाहपुरा द्वारा प्रदान किया जाएगा। परम् सम्माननीय धौली ठाकुर उम्मेद सिंह जी ने अपने कृतित्व और व्यक्तित्व से समाज और देश के सामने अपनी संस्कृति चेतना और स्वाभिमान के साथ सर्व समाज को एकता के सूत्र में बांध कर ,जौहर मेले को अंतर्राष्ट्रीय फलक पर स्थापित कर गौरव और पराक्रम का कार्य मेवाड़ की धरती यह कार्य शून्य से शिखर तक अपने पुरुषार्थ से कर दिखाया,धौली ठाकुर राज ऋषि उम्मेद सिंह को उनके कृतित्व पर यह पराक्रम सम्मान प्रदान करते हुए संस्थान गौरवान्वित है।
